साइबर ठगों के उड़ेंगे होश: नोएडा पुलिस और आरडब्ल्यूए सेक्टर 105 की ऐतिहासिक पहल

नोएडा। डिजिटल युग की तेज़ रफ़्तार के बीच जहाँ आधुनिक सुविधाओं का विस्तार हुआ है, वहीं शातिर साइबर अपराधियों की नित-नई चालों ने आम जनजीवन को गहरी चिंता में डाल रखा है। मासूम बच्चों, महिलाओं और जीवनभर की पूँजी लगाने वाले बुजुर्गों को झांसे में लेकर उनकी निजी जानकारी चुराने, ब्लैकमेल करने और वित्तीय डाका डालने वाले अपराधियों के मंसूबों को ध्वस्त करने के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस के “साइबर जागरूकता माह” के अंतर्गत आरडब्ल्यूए सेक्टर 105 द्वारा सामुदायिक केंद्र में एक भव्य, अत्यंत प्रभावी और आंखें खोल देने वाली विशेष साइबर जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस जनहितैषी पहल की कमान संभालते हुए आरडब्ल्यूए सेक्टर 105 ने न केवल पुलिस प्रशासन का अभूतपूर्व सहयोग किया, बल्कि सेक्टरवासियों को डिजिटल रूप से अभेद्य सुरक्षा कवच प्रदान करने में एक ऐतिहासिक भूमिका निभाई।

यह विशेष सत्र एसीपी साइबर क्राइम विवेक रंजन राय एवं इंस्पेक्टर विंध्याचल तिवारी के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। पुलिस की तेजतर्रार साइबर टीम—इंस्पेक्टर विंध्याचल तिवारी, इंस्पेक्टर राजकुमार चंदेल, सब-इंस्पेक्टर अभिषेक सिंह, हेड कांस्टेबल सचिन, हेड कांस्टेबल रवीश शर्मा, हेड कांस्टेबल विनय कुमार एवं हेड कांस्टेबल रवि कुमार ने कार्यशाला में डिजिटल दुनिया के छिपे हुए खतरों की परत-दर-परत खोलकर रख दी।
इस आयोजन की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि इसमें निवासियों को साइबर अपराध से जुड़े ऐसे चौंकाने वाले तथ्यों और बारीक तकनीकों की जानकारी मिली, जिनसे वे अब तक अनजान थे। विशेषज्ञों ने “डिजिटल अरेस्ट” के नाम पर फैलाए जाने वाले खौफ का पर्दाफाश किया, फर्जी पुलिस व सीबीआई कॉल्स की सच्चाई उजागर की, क्यूआर कोड और यूपीआई स्कैम के छुपे फंदों को समझाया तथा सोशल मीडिया व पर्सनल डेटा लीक से बचने के अचूक व व्यावहारिक उपाय बताए। सत्र में मौजूद नागरिकों ने एक सुर में स्वीकार किया कि इस अभूतपूर्व ज्ञान से उनका आत्मविश्वास बढ़ा है और उनका परिवार अब डिजिटल रूप से सुरक्षित महसूस कर रहा है। सभी उपस्थित निवासियों ने नोएडा पुलिस और आरडब्ल्यूए के इस अनूठे प्रयास की मुक्तकंठ से भूरि-भूरि प्रशंसा की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आरडब्ल्यूए अध्यक्ष दिव्य कृष्णात्रेय (दीपक शर्मा) ने कहा कि साइबर अपराधी हमारी सबसे बड़ी कमजोरी—अज्ञानता और डर—का फायदा उठाते हैं। वे हमारे मासूम बच्चों और सम्मानित बुजुर्गों को निशाना बना रहे हैं, ऐसे में डरने के बजाय सही और सटीक जानकारी से लैस होना ही सबसे बड़ा हथियार है। उन्होंने दोहराया कि आरडब्ल्यूए सेक्टर 105 अपने हर एक निवासी की सुरक्षा और सम्मान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है तथा यूपी पुलिस का यह विशेष अभियान सेक्टरवासियों को जागरूक, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।
इस जन-जागरूकता महाअभियान में आरडब्ल्यूए कार्यकारिणी और सेक्टर के गणमान्य नागरिकों की गरिमामयी व उत्साहजनक सहभागिता रही। कार्यक्रम में आरडब्ल्यूए अध्यक्ष दिव्य कृष्णात्रेय (दीपक शर्मा), महासचिव राजीव दुबलिश, उपाध्यक्ष रानी गौतम, कार्यकारिणी सदस्य उमेश माथुर तथा कार्यकारिणी सदस्य महेश चौहान सहित सेक्टर के अधिकांश निवासियों ने सक्रियता से भाग लेकर साइबर सुरक्षा के गुर सीखे। सफल एवं ज्ञानवर्धक सत्र के समापन पर आरडब्ल्यूए की ओर से सभी निवासियों के लिए सौहार्दपूर्ण वातावरण में जलपान की उत्तम व्यवस्था की गई।
विशेषज्ञों ने शहर के सभी नागरिकों से अपील की है कि सतर्कता ही असली सुरक्षा है। यदि किसी के साथ साइबर धोखाधड़ी, डिजिटल अरेस्ट या वित्तीय ठगी का प्रयास होता है, तो बिना घबराए तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या आधिकारिक पोर्टल cybercrime.gov.in पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं।



