गौतमबुद्धनगर की साइबर पुलिसिंग बनी अंतरराष्ट्रीय चर्चा का केंद्र, 40 विदेशी प्रतिनिधियों ने साइबर सिक्योरिटी सेल का किया भ्रमण
नोएडा llपुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर में साइबर अपराधों की रोकथाम, साइबर सुरक्षा को सुदृढ़ करने तथा आमजन को साइबर ठगी से सुरक्षित रखने के लिए अपनाई जा रही प्रभावी कार्यप्रणाली एवं तकनीकी संसाधनों का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रस्तुतीकरण किया गया।

पुलिस कमिश्नर गौतमबुद्धनगर श्रीमती लक्ष्मी सिंह के निर्देशन में दिनांक 06.10.2026 को पुलिस आयुक्त कार्यालय, सेक्टर-108, नोएडा में डीसीपी साइबर श्रीमती प्रीति यादव के नेतृत्व में भारत सरकार के National Centre for Good Governance (NCGG) द्वारा आयोजित “Capacity Building Programme for Civil Servants of Multi-Countries” के अंतर्गत विभिन्न देशों से आए लगभग 40 सिविल सर्वेंट्स/प्रतिनिधियों द्वारा साइबर सिक्योरिटी सेल, नोएडा का भ्रमण किया गया।
इस अवसर पर डीसीपी साइबर श्रीमती प्रीति यादव के नेतृत्व में एक विशेष गोष्ठी आयोजित की गई, जिसमें विदेशी प्रतिनिधिमंडल को कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर की साइबर सुरक्षा व्यवस्था, साइबर अपराधों की रोकथाम, साइबर अपराधों की शिकायतों के त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण तथा आमजन को ऑनलाइन धोखाधड़ी एवं साइबर ठगी से सुरक्षित रखने के लिए किए जा रहे विभिन्न प्रयासों के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई।
गोष्ठी के दौरान प्रतिनिधिमंडल को कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर में साइबर अपराधों से निपटने के लिए विकसित की गई तकनीक आधारित पुलिसिंग व्यवस्था, साइबर अपराध की निगरानी एवं विश्लेषण, शिकायतों के त्वरित निस्तारण, डिजिटल साक्ष्यों के उपयोग तथा पीड़ितों को समयबद्ध सहायता उपलब्ध कराने की कार्यप्रणाली से अवगत कराया गया।
साइबर अपराधों की रोकथाम के लिए प्रभावी कार्यप्रणाली की जानकारी:-प्रतिनिधिमंडल के समक्ष साइबर अपराधों की रोकथाम एवं जांच के दौरान अपनाई जाने वाली विभिन्न सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों (Best Practices) को साझा किया गया। साथ ही साइबर अपराध के बदलते स्वरूप, ऑनलाइन फ्रॉड के नए तरीकों तथा डिजिटल माध्यमों के बढ़ते उपयोग के बीच पुलिसिंग के समक्ष उत्पन्न हो रही चुनौतियों और उनके समाधान के लिए अपनाई जा रही रणनीतियों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। साइबर सिक्योरिटी सेल द्वारा साइबर अपराध से संबंधित शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई, तकनीकी विश्लेषण, डिजिटल साक्ष्यों के संकलन एवं उपयोग, संबंधित संस्थाओं एवं एजेंसियों के साथ समन्वय तथा पीड़ितों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया के संबंध में प्रतिनिधियों को जानकारी दी गई। इसके साथ ही आमजन को साइबर अपराध के प्रति जागरूक करने के लिए चलाए जा रहे साइबर जागरूकता अभियानों, ऑनलाइन सुरक्षा संबंधी सावधानियों तथा नागरिकों को साइबर ठगी से बचाने के लिए अपनाए जा रहे जन-जागरूकता उपायों के बारे में भी बताया गया।
तकनीक एवं नवाचार:-कार्यक्रम के दौरान कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर की टेक्नोलॉजी आधारित साइबर पुलिसिंग एवं तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग को विशेष रूप से रेखांकित किया गया। प्रतिनिधिमंडल को बताया गया कि वर्तमान समय में साइबर अपराधों की प्रकृति तेजी से बदल रही है, ऐसे में अपराध की रोकथाम एवं प्रभावी विवेचना के लिए आधुनिक तकनीक, डेटा विश्लेषण, डिजिटल साक्ष्य और विभिन्न तकनीकी माध्यमों का दक्षतापूर्वक उपयोग अत्यंत आवश्यक है।प्रतिनिधियों के साथ साइबर अपराधों से निपटने के लिए अपनाए जा रहे साइबर पुलिसिंग मॉडल, तकनीकी दक्षता, संस्थागत समन्वय एवं त्वरित रिस्पॉन्स मैकेनिज्म से संबंधित अनुभव साझा किए गए।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ज्ञान एवं अनुभव का आदान-प्रदान:-गोष्ठी के दौरान विभिन्न देशों से आए प्रतिनिधियों ने साइबर अपराधों से संबंधित अपने-अपने देशों के अनुभव, चुनौतियों एवं कार्यप्रणालियों को साझा किया। इस दौरान साइबर सुरक्षा, डिजिटल अपराधों की रोकथाम, तकनीकी संसाधनों के उपयोग तथा साइबर अपराधों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई को लेकर ज्ञान एवं अनुभव का पारस्परिक आदान-प्रदान हुआ। प्रतिनिधिमंडल द्वारा कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर में साइबर अपराधों की रोकथाम एवं शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए अपनाई जा रही कार्यप्रणाली, तकनीकी संसाधनों के उपयोग तथा जन-जागरूकता के प्रयासों में विशेष रुचि दिखाई गई।
बेहतर साइबर पुलिसिंग की दिशा में महत्वपूर्ण पहल:-अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडल के साथ कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर की साइबर सुरक्षा एवं साइबर पुलिसिंग से संबंधित प्रभावी कार्यप्रणाली को साझा किया जाना न केवल साइबर अपराध के विरुद्ध बेहतर एवं सुदृढ़ पुलिसिंग की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है, बल्कि इससे विभिन्न देशों के बीच साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में अनुभव एवं विशेषज्ञता साझा करने के अवसर भी मजबूत होंगे।
पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर द्वारा बदलते साइबर अपराधों की चुनौतियों के अनुरूप तकनीक, नवाचार, त्वरित कार्रवाई, जन-जागरूकता एवं अंतर-एजेंसी समन्वय के माध्यम से साइबर सुरक्षा व्यवस्था को निरंतर और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है।
इस अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम के माध्यम से कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर की साइबर अपराध नियंत्रण एवं तकनीक आधारित पुलिसिंग की कार्यप्रणाली को वैश्विक प्रतिनिधियों के साथ साझा किया गया, जो साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सहयोग, अनुभवों के आदान-प्रदान तथा भविष्य की बेहतर साइबर पुलिसिंग व्यवस्था के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम



